Hindi
चलो मेरे साथ..
चलो आज कुछ बेवजह जीते हैं बेवजह चलते हैं बागीचे की सैर पर हँसते खिल खिलाते दूर इन वजहो से परे…. चलो आज कुछ बेवजह जीते हैं | चलो आज बेवजह मुस्कान बाँटते हैं मुरझाय फूलों मे भी जान डालतें हैं चलो आज आँसू मे भी खुशी छाटते हैं| चलो आज वजह को भी बेवजह [...]
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जब छोटा था..
जब छोटा था.. जब छोटा था तो सितारों की तरह चमकना चाहता था इन काले सफेद बादलो मे मैं उड़ना चाहता था दुनिया से मैं कभी डरता नही था हट मनवाने से पहले मैं हटता नही था क्या ताक़त अब इतनी कम है, पता नही? या बादलों मे अब मन नही, पता नही? क्यो दिल [...]
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